
*बाल सेवा ही ईश्वर सेवा: मुनिश्री 108 आदित्य सागर महाराज ने सराहा खंडवा में बाल संरक्षण का कार्य*
खंडवा
श्रुत संवेगी श्रमणमुनिश्री 108 आदित्य सागर महाराज ने कहा कि बच्चों की सेवा और उनके अधिकारों की रक्षा करना ईश्वर सेवा के समान है। खंडवा प्रवास के दौरान उन्होंने बाल कल्याण समिति द्वारा किए जा रहे कार्यों की सराहना करते हुए इसे समाज के लिए प्रेरणादायी बताया।
महाराज श्री ने कहा कि समाज का भविष्य बच्चों पर निर्भर करता है, ऐसे में उनका संरक्षण, संवर्धन और सही मार्गदर्शन अत्यंत आवश्यक है। समिति द्वारा निराश्रित एवं जरूरतमंद बच्चों के लिए किए जा रहे प्रयास सेवा और संवेदनशीलता का उत्कृष्ट उदाहरण हैं।
इस अवसर पर न्यायपीठ बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष प्रवीण शर्मा ने महाराज श्री को जिले में संचालित गतिविधियों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि समिति द्वारा बाल संरक्षण, पुनर्वास, जनजागरूकता और विभिन्न योजनाओं के माध्यम से बच्चों के हित में लगातार कार्य किया जा रहा है।
महाराज श्री ने अध्यक्ष प्रवीण शर्मा सहित सदस्य रुचि पाटिल, स्वप्निल जैन एवं कविता पटेल को आशीर्वाद प्रदान किया और उनके प्रयासों की सराहना करते हुए आगे भी समर्पण के साथ कार्य करने के लिए प्रेरित किया।
इस दौरान समाज में बाल संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने और अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया। अंत में समिति द्वारा महाराज श्री का आभार व्यक्त किया गया।









