
*दादाजी भंडारे में कमर्शियल गैस कनेक्शन उपयोग की अनिवार्यता निरस्ती हेतु जिला कलेक्टर से मिले वकील।*
खण्डवा//
गुरुपूर्णिमा के पावन अवसर पर शहर में लगने वाले भण्डारो के लिये कमर्शियल गैस टंकी की अनिवार्यता हेतु पिछले दिनों जिला प्रशासन के निर्देश बाद आज विधि प्रकोष्ठ के वकीलों ने जिला कलेक्टर से मिलकर इस अनिवार्यता को समाप्त करने की मांग रखी।
अधिवक्ता देवेंद्र सिंह यादव ने बताया प्रतिवर्षानुसार इस वर्ष भी खण्डवा शहर गुरू पूर्णिमा पर्व को लेकर उत्साहित है और पूरी श्रद्धा और लगन के साथ आने वाले दादाजी भक्तो की सेवा हेतु तत्पर है किन्तु जिला प्रशासन द्वारा शहर के भण्डारो के लिये कमर्शियल गैस सिलेन्डर की उपयोगिता की अनिवार्यता कर दिये जाने से उन भण्डारो और स्ट्रालो की संख्या में कमी आने की संभावना बन सकती है क्योंकि जो श्रद्धालु व्यक्तिगत रूप से बिना किसी से आर्थिक सहयोग प्राप्त किये स्वंय की मद से दादाजी भक्तो के लिये भण्डारा आयोजित करते है, उन पर अतिरिक्त भार बढ़ेगा।
अधिवक्ता मोहन गंगराड़े ने कहा कि कम से कम ऐसे भण्डारा संचालको को चिन्हीत किया जाकर कमर्शियल गैस एवं सिलेन्डर की अनिवार्यता से मुक्त किया जाना उचित होगा इसके अभाव में भण्डारा स्ट्रालो में कमी होने से बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा बाधित होगी ।
जिला अधिवक्ता संघ अध्यक्ष रविंद्र पाथरिकार ने बताया कि कमर्शियल गैस सिलेन्डर का उपयोग व्यवसाय व्यापार के लिये होता है जिससे लाभ अर्जित होता है जबकि गुरू पूर्णिमा पर लगने वाले भण्डारे सेवा के रूप में लोग कार्य करते है ना ही किसी तरह का लाभ अर्जित करने के लिये ।
जिला कलेक्टर ने आस्वस्त किया है कि जल्द विचार कर निर्णय लेंगे।
इस अवसर पर जिला अधिवक्ता संघ अध्यक्ष रविंद्र पाथरिकर, विधि प्रकोष्ठ प्रदेश सह संयोजक देवेन्द्रसिंह यादव, जिला संयोजक मोहन गंगराडे,
विजय चौधरी, रजनीश सोनी,मनीष रॉय, हृदेश बाजपेई, राजेश तिवारी,साकेत धात्रक, राजेंद्र कुशवाह,विन्रम गंगराड़े,जसवंत परमार,गोविंदा हिरवे सहित अन्य अधिवक्ता गण उपस्थित थे।








