
त्रिलोक न्यूज़ मध्य प्रदेश सहायक प्रमुख प्रवीण कुमार दुबे 8839125553
लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती पर निकल रही यूथ (एकता) यात्रा 24 से 26 नवंबर तक मध्यप्रदेश से होकर गुजरेगी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि यात्रा के दौरान पूरे रूट पर “गरिमा, गौरव और आत्मीयता” के साथ स्वागत किया जाए। CM बुधवार को पटना से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अधिकारियों से यात्रा की तैयारियों की समीक्षा कर रहे थे।
वीसी में BJP के प्रदेशाध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, प्रदेश संगठन महामंत्री हितानंद शर्मा, केंद्रीय राज्यमंत्री दुर्गादास उइके, सावित्री ठाकुर, यात्रा संयोजक जीतू जिराती, जनसंपर्क आयुक्त दीपक सक्सेना, और खेल एवं युवक कल्याण विभाग के अधिकारी शामिल हुए। इस यात्रा में MP, छत्तीसगढ़, आंध्रप्रदेश और महाराष्ट्र के करीब 385 युवा शामिल होंगे, जिनके साथ 11 बसें और 4 कारें चलेंगी।
CM का निर्देश: हर जिले में माइक्रो प्लानिंग हो सीएम ने कहा कि यात्रा जहां-जहां से गुजरेगी, वहां स्वागत, सुरक्षा, यात्रा प्रबंधन, रात्रि विश्राम, सांस्कृतिक कार्यक्रम और पौधारोपण जैसी व्यवस्थाएं पहले से तय कर ली जाएं। सीएम ने कहा “सरदार पटेल ने देश को एक सूत्र में पिरोया, यह यात्रा उसी भावना का संदेश है। इसे प्रदेश में यादगार बनाएं।” उन्होंने खेल एवं युवा कल्याण विभाग को अधिक से अधिक युवाओं और खिलाड़ियों को जोड़ने के निर्देश भी दिए। देश में नागपुर, जयपुर, दिल्ली और मुंबई से निकली 4 एकता यात्राएं 6 दिसंबर को केवड़िया पहुंचेंगी। वहां एक विशाल राष्ट्रीय सम्मेलन होगा।
मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव ने पटना से एकता (यूथ) यात्रा के मध्यप्रदेश से गुजरने पर तैयारियों संबंधी जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों से चर्चा की।
कहां-कहां से गुजरेगी यात्रा, यह है रूट मैप
24 नवंबर
- सुबह 10 बजे नागपुर से प्रस्थान
- पांढुर्ना से एमपी में प्रवेश
- बैतूल में रात्रि विश्राम
25 नवंबर
- बैतूल → हरदा → खातेगांव → कन्नौद → डबल चौकी
- शाम तक इंदौर पहुंचकर रात रुकना
26 नवंबर
- इंदौर में स्वागत और जनसभा CM डॉ. मोहन यादव कार्यक्रम में शामिल होंगे
- इंदौर → धार → झाबुआ
- शाम तक गुजरात के गोधरा में प्रवेश
यात्रा में क्या-क्या होगा?
- यात्रा के रूट पर युवा सहभागिता बढ़ाने के लिए कई गतिविधियां होंगी:
- सरदार पटेल पर आधारित चित्र प्रदर्शनी और कविता पाठ
- ‘एक पेड़ मां के नाम’ पौधरोपण
- स्वदेशी उत्पादों की प्रदर्शनी
- लोक नृत्य, सांस्कृतिक मंडलों के प्रदर्शन
- युवा संवाद और खेल गतिविधियां
- स्वच्छता कार्यक्रम













