
**कवियित्री सुभद्रा कुमारी चौहान की पुण्यतिथि पर सद्भावना मंच ने किया याद।
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खंडवा। मालीकुआं स्थित सद्भावना मंच कार्यालय पर साहित्यकार, कवियित्री सुभद्रा कुमारी चौहान की 78 वीं पुण्यतिथि पर मंच सदस्यों व्दारा उनके छायाचित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धा सुमन अर्पित किये गये। यह जानकारी देते हुए मंच के निर्मल मंगवानी ने बताया कि इस मौके पर मंच संस्थापक प्रमोद जैन ने कहा कि अपनी प्रसिद्ध कविता “झांसी की रानी” खूब लड़ी मरदानी वह तो झांसी वाली रानी थी” जैसी देशभक्ति कविताओं के लिए जानी जाती हैं। वे गांधीजी के असहयोग आंदोलन में शामिल होने वाली पहली महिला थीं और प्रसिद्ध कवयित्री के साथ-साथ एक सजग स्वतंत्रता सेनानी भी थीं। श्रीमती सुभद्रा कुमारी चौहान खंडवा की बहु तो थी किंतु उनकी स्मृति में आज तक नगर में कोई भी ऐसा कार्य या स्टेचू नहीं बनाया गया है जिससे कि उनकी स्मृति अनंत काल तक बनी रहे एवं खंडवा का नाम रोशन हो। उनकी जीवनी पर प्रकाश डालते हुए महिलाओं को आगे बढ़ने का आव्हान किया गया। इस अवसर पर मंच संस्थापक प्रमोद जैन, पूर्व डीएसपी आनंद तोमर, डॉ. जगदीशचंद्र चौरे, देवेंद्र जैन, कमल नागपाल,केबी मनसारे, गणेश भावसार, डॉ एम एम कुरैशी,नारायण फरकले, तिलोक चौधरी, राधेश्याम शाक्य, निर्मल मंगवानी, अनुप शर्मा,सुनील सोमानी, राजेश खांडे ,अशोक पारवानी, कैलाश पटेल, सुभाष मीणा आदि सहित बड़ी संख्या में मंच सदस्यों ने उपस्थित होकर अपने विचारों के मध्य श्रद्धा सुमन अर्पित किए। वहीं मंच के अनेक सदस्यों ने उनके गीतों को कराओके पर गाकर उन्हें स्वरांजलि अर्पित की ।







