
हरेली पर्व के अवसर पर राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के तहत ग्राम पंचायत भाड़ी में स्वास्थ्य एवं टीबी जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी रामेश्वर शर्मा के आदेशानुसार तथा खंड चिकित्सा अधिकारी ए.आई. मिंज के मार्गदर्शन में आयोजित शिविर में ग्रामीणों को टीबी की रोकथाम, उपचार, पोषणयुक्त आहार और निश्चय मित्र योजना की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम के दौरान “हरेली लाए हरियाली और खुशहाली, वैसे ही टीबी मुक्त छत्तीसगढ़ लाएगा स्वस्थ जीवन और खुशहाली” का संदेश देते हुए ग्रामीणों को अपने ग्राम पंचायत को टीबी मुक्त बनाने के लिए प्रेरित किया गया।
शिविर में डॉक्टरों एवं स्वास्थ्य विभाग की टीम की निगरानी में ग्रामीणों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। इस दौरान 134 लोगों का एक्स-रे, बीपी, शुगर सहित सामान्य स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। स्वास्थ्य कर्मियों ने ग्रामीणों को टीबी के प्रमुख लक्षणों, बीमारी से बचाव और समय पर जांच एवं उपचार कराने के संबंध में जागरूक किया।
जनजागरूकता को बढ़ावा देने के लिए ग्रामीणों के बीच “टीबी मुक्त भारत” की शपथ दिलाई गई। इसके साथ ही कुर्सी दौड़ प्रतियोगिता का आयोजन भी किया गया, जिसमें ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम में ग्राम पंचायत सरपंच फूलमत बाई वाकरे, बीपीएम अरविंद सोनी, बीटीओ शांति कशासिया, सीनियर ट्रीटमेंट सुपरवाइजर ओम प्रकाश जायसवाल, जिला एसटीएस जयचंद रजक, मलेरिया तकनीशियन सुपरवाइजर उत्तम सिंह कंवर, सेक्टर पर्यवेक्षक सतीश श्रीवास एवं पी.एल. पुरी, सीएचओ गमानी सिंह, आरएचओ यशोदा मारवी, बीसी सुनीता, एमटी कुसलवती सहित मितानिन उपस्थित रहीं।
स्वास्थ्य शिविर एवं जागरूकता कार्यक्रम से ग्रामीणों में अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ी। ग्रामीणों ने सामूहिक रूप से अपने ग्राम पंचायत को टीबी मुक्त ग्राम पंचायत बनाने का संकल्प लिया।












