
सांसद ज्ञानेश्वर पाटील ने ब्रह्माकुमारी सेंटर भाग्योदय भवन में आकर बंधवाया परमात्म रक्षा सूत्र।
खंडवा। रक्षाबंधन के पावन पर्व के अवसर पर ब्रह्माकुमारीज की सेवाकेंद्र प्रभारी बी.के. शक्ति दीदी ने सांसद ज्ञानेश्वर पाटील को परमात्म रक्षा सूत्र बांधकर रक्षाबंधन का आध्यात्मिक महत्व बताया।
बी.के. शक्ति दीदी ने कहा कि रक्षाबंधन अर्थात पवित्रता का बंधन। संसार में कोई भी व्यक्ति किसी बंधन में बंधना नहीं चाहता, लेकिन भाई-बहन का यह एक ऐसा पवित्र बंधन है, जिसमें सभी बंधना चाहते हैं। उन्होंने बताया कि जिस प्रकार एक भाई अपनी बहन की रक्षा करता है, उसी प्रकार परमात्मा भी हमारे सच्चे भाई के रूप में हर आत्मा की रक्षा करते हैं। दीदी ने कहा परमात्मा को पांच खोटे सिक्के चाहिए और एक आना अर्थात मनुष्य के अंदर जो पांच विकार है काम, क्रोध, लोभ, मोह और अहंकार यह परमात्मा के ऊपर अर्पण कर देना चाहिए और एक आना अर्थात परमात्मा के घर एक बार आना जिससे इंसान अपने अंदर की बुराइयों को ख़तम करने की शक्ति प्राप्त कर सके | उन्होंने कहा कि रक्षासूत्र केवल कलाई पर बांधा जाने वाला धागा नहीं, बल्कि स्वयं को पवित्रता, श्रेष्ठ कर्मों और ईश्वरीय मर्यादाओं से जोड़ने का संकल्प है। जब हम अपने जीवन में पवित्रता को अपनाते हैं और परमात्मा की श्रीमत पर चलते हैं, तो जीवन में सकारात्मकता, शांति और शक्ति का अनुभव होता है। समाजसेवी व प्रवक्ता सुनील जैन ने बताया कि ब्रह्माकुमारी बहन द्वारा बताए गए रक्षाबंधन के इस आध्यात्मिक संदेश से प्रभावित होकर सांसद ज्ञानेश्वर पाटील ने भी पवित्रता एवं श्रेष्ठ जीवन मूल्यों को अपनाने तथा बताए गए आध्यात्मिक मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन का यह आध्यात्मिक स्वरूप समाज में प्रेम, भाईचारे, सद्भाव और पवित्रता का संदेश देने वाला है। प्रवक्ता सुनील जैन ने बताया कि इस अवसर पर बी.के. शक्ति दीदी ने सांसद जी को रक्षा सूत्र बांधकर उनके सुखद, शांतिपूर्ण एवं मंगलमय जीवन की शुभकामनाएं दीं। रक्षा सूत्र बांधने के पश्चात उन्हें ईश्वरीय सौगात भेंट की गई। इस अवसर पर सांसद श्री पाटिल के साथ हरीश कोटवाले, जिला जेल अधीक्षक श्री सारस एवं संस्था से जूडे बीके सुनील भाई, हरीश कोटवाले, प्रदीप यादव, चंद्रेश पचौरी, दीपक भाई, बीके श्यामा भाई, बीके अश्विन भाई भी उपस्थित रहे।











