
रिपोर्टर = भव्य जैन
झाबुआ/ दिलीप सिंह भूरिया शासकीय आदर्श महाविद्यालय झाबुआ में राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई एवं भारतीय ज्ञान परंपरा प्रकोष्ठ के संयुक्त तत्वाधान में प्राचार्य प्रो. प्रवीण कुमार उछावर के मार्गदर्शन में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया! राष्ट्रीय सेवा योजना उन्मुखीकरण कार्यक्रम एवं सद्भावना दिवस तथा अक्षय ऊर्जा दिवस का आयोजन किया गया! अध्यक्ष उद्बोधन में प्राचार्य प्रो. प्रवीण कुमार उछावर ने विद्यार्थियों को राष्ट्रीय सेवा योजना से जुड़ने एवं सद्भावना दिवस की जानकारी प्रदान की तथा अक्षय ऊर्जा दिवस की शपथ दिलाई!राष्ट्रीय सेवा योजना से शिक्षा, समाज सेवा, व्यक्तित्व एवं दक्षता का विकास होता है। वहीं राष्ट्र निर्माण को एक-दूसरे से जोड़ने वाली महत्वपूर्ण सामाजिक-शैक्षणिक पहल की महत्वपूर्ण श्रृंखला है।
उक्त प्रेरक विचार सम्राट विक्रमादित्य विश्वविद्यालय, उज्जैन की डॉ. अंबेडकर पीठ के पूर्व आचार्य एवं रासयों के कार्यक्रम अधिकारी आचार्य मुख्य अतिथि वक्ता शैलेंद्र पाराशर ने अपने प्रेरक उद्बोधन में विद्यार्थियों को शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय के सभागृह में राष्ट्रीय सेवा योजना के अभिमुखीकरण कार्यक्रम में प्रेरक प्रबोधन देते हुए व्यक्त किये।
आचार्य पाराशर ने कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना का मूल संदेश है कि, वह मानवीय चेतना है, जो ‘मैं’ से ‘हम’ और ‘हम’ से ‘समस्त मानवता’ की ओर ले जाती है।
वैश्विक संदर्भ में जहाँ सद्भावना है,वहां समाज जुड़ता है,समरसता से राष्ट्र मजबूत होता है,एवं मानवता से जीवन सार्थक बनता है। उक्त कार्यक्रम में महाविद्यालय के डॉ. धूल सिंह खरत, डॉ.प्रगति मिमरोट, प्रो .जितेंद्र नायक, क्रीड़ा अधिकारी कोमल बारिया, प्रो. हिमांशु मालवीय एवं सैकड़ो विद्यार्थी उपस्थित रहे! संचालन डॉ.भूरसिंह निगवाल ने किया! डॉ.सुरेशचंद्र भाबर ने आभार व्यक्त किया!








