
मरवाही वनमंडल के पिपरिया गांव से लगे जंगल में एक मादा भालू की मौत से वन विभाग में हड़कंप मच गया। जंगल क्षेत्र में ग्रामीणों को भालू का शव दिखाई दिया, जिसके बाद इसकी सूचना तत्काल वन विभाग को दी गई।
सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और शव का निरीक्षण कर आवश्यक कार्रवाई शुरू की। मृत मादा भालू की उम्र लगभग पांच वर्ष बताई जा रही है। विभाग ने पंचनामा कार्रवाई पूरी कर पोस्टमार्टम कराया।
वनमंडलाधिकारी (डीएफओ) ग्रीष्मी चांद ने बताया कि प्रारंभिक जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मादा भालू की मौत का कारण भीषण गर्मी और हीट स्ट्रोक सामने आया है। पिछले कुछ दिनों से क्षेत्र में लगातार पड़ रही तेज गर्मी और लू का असर वन्यजीवों पर भी पड़ रहा है।
पोस्टमार्टम के बाद अनुविभागीय अधिकारी (एसडीओ) की मौजूदगी में वन विभाग द्वारा मृत मादा भालू का अंतिम संस्कार कराया गया। घटना के बाद विभाग ने जंगलों में वन्यजीवों की सुरक्षा को लेकर सतर्कता बढ़ा दी है।
वन अधिकारियों के अनुसार गर्मी के मौसम को देखते हुए जंगलों में मौजूद जलस्रोतों की नियमित निगरानी की जा रही है तथा वन्यजीवों के लिए पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। विभाग की टीम लगातार क्षेत्र पर नजर बनाए हुए है और वन्यजीवों को भीषण गर्मी से बचाने के लिए विशेष उपाय कर रही है।












