
*11 सूत्रीय मांगों को लेकर भारतीय मजदूर संघ का देशव्यापी आंदोलन, खंडवा में निकली विशाल श्रमिक रैली*

खंडवा
भारतीय मजदूर संघ के अखिल भारतीय आह्वान पर जिला इकाई खंडवा द्वारा सोमवार को देशव्यापी आंदोलन एवं ज्ञापन कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में जिलेभर के विभिन्न अनुषांगिक संगठनों एवं महासंघों के पदाधिकारी, सदस्य और बड़ी संख्या में श्रमिक शामिल हुए। श्रमिकों ने 11 सूत्रीय मांगों को लेकर एकजुटता प्रदर्शित करते हुए शासन-प्रशासन का ध्यान श्रमिक हितों से जुड़े मुद्दों की ओर आकर्षित किया।
कार्यक्रम की शुरुआत भगवान विश्वकर्मा, भारत माता एवं भारतीय मजदूर संघ के संस्थापक श्रद्धेय दत्तोपंत ठेंगड़ी की तस्वीर पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। कार्यक्रम की अध्यक्षता भारतीय मजदूर संघ जिला अध्यक्ष राजीव मालवीय ने की तथा संचालन जिला महामंत्री प्रवीण शर्मा ने किया।
मुख्य अतिथि अर्जुन सिंह सोलंकी, प्रदेश महामंत्री, मध्यप्रदेश पंचायत सचिव महासंघ रहे। इस अवसर पर मांगीलाल पटेल, एन.के. सोनी एवं शीला फूलमाली ने भी श्रमिकों को संबोधित किया।
शहर के मुख्य मार्ग से निकली रैली
कार्यक्रम के बाद श्रमिकों ने पुरानी अनाज मंडी से जिला मुख्यालय तक शहर के प्रमुख मार्गों से रैली निकाली। रैली में श्रमिकों ने अपनी मांगों के समर्थन में नारे लगाते हुए एकजुटता का संदेश दिया। रैली का संयोजन एवं ज्ञापन का वाचन अश्विन सैनी ने किया।
रैली जिला मुख्यालय पहुंची, जहां भारतीय मजदूर संघ की ओर से सिटी मजिस्ट्रेट श्री बजरंग बहादुर को प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा गया।
ये प्रमुख मांगें रहीं
भारतीय मजदूर संघ ने ईएसआईसी की वेतन सीमा ₹21 हजार से बढ़ाकर ₹42 हजार, न्यूनतम ईपीएफ पेंशन ₹1 हजार से बढ़ाकर ₹7,500 प्रतिमाह तथा ईपीएफ वेतन सीमा ₹15 हजार से बढ़ाकर ₹30 हजार करने की मांग की।
इसके अलावा बोनस गणना के लिए अधिकतम वेतन सीमा ₹7 हजार से बढ़ाकर ₹18 हजार, बोनस पात्रता वेतन सीमा ₹21 हजार से बढ़ाकर ₹42 हजार करने, योजना कर्मचारियों के मानदेय में वृद्धि तथा संविदा कर्मचारियों के लिए समान कार्य-समान वेतन सुनिश्चित करने की मांग रखी गई।
संघ ने श्रम कानूनों में श्रमिक विरोधी प्रावधानों को हटाने, पांच दिवसीय बैंकिंग सप्ताह लागू करने, अधिकतम ग्रेच्युटी सीमा ₹20 लाख से बढ़ाकर ₹40 लाख करने तथा राष्ट्रीय न्यूनतम वेतन ₹30 हजार प्रतिमाह निर्धारित करने की मांग भी उठाई।
श्रमिक हितों के लिए निरंतर संघर्ष
जिला महामंत्री प्रवीण शर्मा ने बताया कि देशव्यापी आंदोलन का उद्देश्य श्रमिकों की लंबित एवं महत्वपूर्ण मांगों को सरकार तक प्रभावी ढंग से पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि श्रमिक देश के आर्थिक विकास की आधारशिला हैं। उनकी सामाजिक सुरक्षा, सम्मानजनक वेतन, पेंशन, ईपीएफ, ईएसआईसी और रोजगार से जुड़े विषयों पर सरकार को सकारात्मक एवं संवेदनशील निर्णय लेना चाहिए।
उन्होंने कहा कि भारतीय मजदूर संघ श्रमिकों के अधिकारों और सम्मान की रक्षा के लिए लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण तरीके से निरंतर संघर्ष करता रहेगा।
बड़ी संख्या में पदाधिकारी एवं सदस्य हुए शामिल
कार्यक्रम एवं रैली में भारतीय मजदूर संघ के जिला सहमंत्री राकेश मालवीय, कार्यालय मंत्री योगेश पटेल, शीला फूलमाली, सविता सिंह, मनीष शर्मा, करण बिवाल, अनिल थीटे सहित विभिन्न अनुषांगिक संगठनों एवं महासंघों के पदाधिकारी एवं सदस्यों ने सहभागिता की।
रैली और ज्ञापन कार्यक्रम के माध्यम से भारतीय मजदूर संघ ने श्रमिक एकता का संदेश देते हुए शासन से मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेने की अपेक्षा जताई।












