ताज़ा ख़बरें

*ED छापा का तथ्यात्मक फॉलोअप

*ED छापा का तथ्यात्मक फॉलोअप*

 

*समाचारों के विरोधाभास में प्रवर्तन निदेशालय की टिप्पणी और सत्य तत्व।*

 

🎯 त्रिलोक न्यूज़ चैनल

 

अल सुबह से प्रचलित खबरों का सत्य तत्व यह है कि किसी आबकारी अधिकारी के यहां कोई भी रेड नहीं की गई।

 

अपनी प्रेस विज्ञप्ति में भी ED ने किसी आबकारी अधिकारी का नाम नहीं लिया बल्कि घटना घटित करने वाले ठेकेदारों को ही उल्लेखित किया।

 

यह समझना जरूरी है कि दिनभर चली इस मीडिया फजीहत के लिए अब कौन जिम्मेदार होगा? तथा अधिकारियों और विभाग का नाम खराब करने के लिए किसकी जिम्मेदारी तय की जाएगी?

 

विभागीय सूत्रो की माने तो इस भ्रामक फ़जियत के पीछे DMK फैक्टर की बात कही जा रही है। यही तीन (DMK) अधिकारी बताए जा रहे है जो प्रदेश के प्रभावशाली अधिकारियों को पोस्टिंग के लिए तथा स्वयं आबकारी आयुक्त को निशाना बना रहे हैं।

Show More
Back to top button
error: Content is protected !!