
40 गांवों को जोड़ने वाली पुलिया उपेक्षा का शिकार, हर दिन बढ़ रहा खतरा
सिवनी/भोमा – एरिकेशन विभाग की गंभीर लापरवाही का खामियाजा क्षेत्र के हजारों नागरिकों को भुगतना पड़ रहा है। भोमा–विमला नगर मार्ग पर स्थित पुलिया वर्तमान में अत्यंत जर्जर अवस्था में पहुंच चुकी है,जिससे आए दिन हादसों की आशंका बनी हुई है। यह पुलिया लगभग 40 गांवों को आपस में जोड़ने वाला प्रमुख संपर्क मार्ग है, इसके बावजूद विभाग द्वारा न तो मरम्मत कराई गई और न ही नए पुलिया निर्माण की दिशा में कोई ठोस कदम उठाया गया।स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि पुलिया की हालत इतनी खराब हो चुकी है कि दोपहिया और चारपहिया वाहनों का गुजरना बेहद जोखिम भरा हो गया है। विशेष रूप से स्कूली बच्चों को रोजाना इसी मार्ग से आना-जाना पड़ता है, जिससे उनकी जान हर समय खतरे में रहती है। कई बार बच्चों के साथ दुर्घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन इसके बाद भी संबंधित विभाग और प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।हाल ही में इसी पुलिया के पास एक आर्टिका कार अनियंत्रित होकर नहर में जा गिरी, जिससे बड़ा हादसा होते-होते टल गया। यह घटना पुलिया की बदहाली और एरिकेशन विभाग की लापरवाही को साफ तौर पर उजागर करती है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते पुलिया की मरम्मत या पुनर्निर्माण नहीं किया गया, तो भविष्य में कोई बड़ा और जानलेवा हादसा हो सकता है।ग्रामीणों द्वारा कई बार एरिकेशन विभाग एवं प्रशासन को लिखित आवेदन और शिकायतें दी जा चुकी हैं, लेकिन अब तक केवल आश्वासन ही मिले हैं। क्षेत्रवासियों में विभागीय उदासीनता को लेकर भारी आक्रोश है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि शीघ्र पुलिया निर्माण कार्य शुरू कराया जाए, अन्यथा वे मजबूरन जन आंदोलन छेड़ने को बाध्य होंगे। ग्रामीणों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि किसी भी प्रकार की अनहोनी होती है तो इसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित विभाग की होगी।













