
छत्तीसगढ़ – रायगढ़ ब्लाइंड डबल मर्डर मिस्ट्री : पुलिस ने सीताराम के बेटे और उसके दोस्तों से की लंबी पूछताछ।
रायगढ़ संवाददाता- रमेश चौहान
रायगढ़। पुरानी हटरी के पीछे गली में बीते दिवस हुए डबल ब्लाईण्ड मर्डर मिस्ट्री को सुलझाने के लिए पुलिस ने कड़ी माथापच्ची कर रही है मगर अफसोसजनक पहलू है कि साक्ष्य अथवा कोई क्लू पुलिस के हाथ नहीं लग पा रहा है।
खासकर हत्या के कारणों पर फिलहाल सस्पेंस है। फिलहाल अवैध संबंध, संपत्ति संबंध, क्लेश और रिश्तों में खटास की आशंकाओं तक पुलिस की तफ्तीश केन्द्रित है। पुलिस की अलग-अलग टीमें वारदात की पेंच को सुलझाने के मकसद से सक्रिय है।
हार्ट ऑफ द टाऊन में सीताराम जायसवाल व अन्नपूर्णा जायसवाल भाई-बहन की जघन्य हत्याकाण्ड को पुलिस खुद के लिए चैलेंजिंग टास्क मान रही है और इस चुनौती को स्वीकार कर पुलिस की विवेचना दिनोंदिन तेज होती जा रही है। पुलिस उन तमाम संभावित पहलुओं की जांच कर रही है जिसकी वजह से बुजुर्ग भाई-बहन की हत्या की गई है, लेकिन पुलिस की दुविधा यह है कि तथ्यों की रोशनी के अभाव में उसे कोई महत्वपूर्ण सुराग नहीं मिल पा रहे हैं। रविवार व सोमवार की दरमियानी रात घटनास्थल के आस-पास कितने लोगों के मोबाईल एक्टिव थे और उन लोगों ने किन-किन लोगों से, कब-कब बातचीत की है, इसकी पूरी जन्मकुण्डली पुलिस ने निकाल लिया है। कॉल डिटेल्स रिपोर्ट हाथ में होने के बावजूद पुलिस इन कडिय़ों को एक सूत्र में पिरो नहीं पा रही है।
पुलिस का प्रथम दृष्ट्या मानना है कि इस दोहरे मर्डर के पीछे किसी नजदीकी रिश्तेदारों का हाथ हो सकता है परन्तु संदेहियों के क्रॉस वेरफिकेशन करने के बावजूद पुलिस के हाथ कुछ हासिल नहीं हुआ है। पुरानी हटरी व आस-पास के इलाकों में लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले जाने के बावजूद पुलिस को आशानुरूप सुराग नहीं मिले हैं। इस बीच पुलिस ने सीताराम जायसवाल के बेटे ने लम्बी पूछताछ की है। वहीं, पूंजीपथरा थाना प्रभारी इं. राकेश मिश्रा के नेतृत्व में गठित एक पुलिस टीम साक्ष्यों की पतासाजी में मशरूफ है।
इस बीच कल पुलिस को जानकारी मिली कि सीताराम का पुत्र १७ जनवरी को अपने दर्जनभर दोस्तों के साथ दीघा (कोलकाता) जाने वाला था मगर मृतक के पुत्र ने बीते १३ जनवरी को बुक्ड टिकटों को कैन्सिल करा दिया था। इस सूचना की तस्दीक करने के लिए पुलिस ने उसके सभी दोस्तों को पूछताछ के लिये तलब किया था। पुलिस की पूछताछ के दौरान मृतक के बेटे के दोस्तों ने बताया कि हम सभी फ्रेण्ड्स साल में एक बार घूमने के लिए जाते हैं और हम सभी पिछले साल घूमने के लिए कोलकाता गए थे। इस साल दीघा (कोलकाता) जाने का प्लान था। बहरहाल अब तक की तमाम कोशिशों के बावजूद पुलिस किसी निष्कर्ष तक पहुंच नहीं सकी है।
क्या कहते हैं एसपी दिव्यांग
पुलिस इस निर्मम हत्याकाण्ड के कातिलों को दबोचने के लिए एड़ी-चोटी का जोर लगा रही है। हमने वारदात की गंभीरता को देखते हुए अलग-अलग टीमें गठित की है। अभी जल्दबाजी में कुछ भी कहना मुनासिब नहीं होगा। हमें पूरी उम्मीद है कि १-२ दिनों में पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग मिल जाएगा। पुलिस हत्यारों की गिरफ्तारी के लिये यथासंभव कोशिश कर रही है।
दिव्यांग पटेल एसपी रायगढ़











