
देश के रत्न किशोर दा को मिले भारत रत्न सम्मान, महाअभियान का शुभारंभ

किशोर भक्त विजय बहादुर आभास ने जन्मभूमि खण्डवा से उठाई राष्ट्रीय मांग
खण्डवा। भारतीय सिनेमा और संगीत जगत के अमर नक्षत्र, बहुमुखी प्रतिभा के धनी स्वर्गीय किशोर कुमार को देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान “भारत रत्न” प्रदान किए जाने की मांग को लेकर एक व्यापक जन-अभियान का शुभारंभ उनकी जन्मभूमि खण्डवा से किया गया। इस अभियान की शुरुआत प्रसिद्ध किशोर भक्त विजय बहादुर सिंह राठौड आभास (देवास) ने की।
किशोर सांस्कृतिक प्रेरणा मंच के प्रवक्ता सुनील जैन ने बताया कि विजय बहादुर आभास वर्षों से किशोर कुमार को अपना आदर्श और गुरु मानते हैं। वे न केवल किशोर दा के गीतों का मंचीय प्रस्तुतीकरण करते हैं, बल्कि उनके व्यक्तित्व और कृतित्व के प्रचार-प्रसार में भी निरंतर सक्रिय रहते हैं। खण्डवा पहुंचकर उन्होंने किशोर कुमार की समाधि पर किशोर दा के गाए गीतों के माध्यम से श्रद्धासुमन अर्पित किए तथा उनके पैतृक निवास से “किशोर कुमार को भारत रत्न” दिलाने के महाअभियान का विधिवत शुभारंभ किया। समाजसेवी व प्रवक्ता सुनील जैन ने बताया कि पूरे देश में किशोर प्रेमी संगीत प्रेमी वर्षों से देश के महान गायक कलाकार किशोर दा को भारत रत्न देने की मांग सरकार से कर रहे हैं खंडवा की माटी में जन्मा वह शख्स किशोर स्वयं एक रत्न है, लेकिन हम सब किशोर प्रेमियों की मांग है कि उन्हें देश का सर्वोच्च भारत रत्न सम्मान की प्राप्ति हो। किशोर दा के पुश्तैनी मकान जिसे किशोर प्रेमी संगीत के मंदिर के माध्यम से जानते हैं,उस स्थान पर विजय बहादुर एवं किशोर प्रेमियों द्वारा प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नाम संबोधित पोस्टकार्ड अभियान भी चलाया गया, जिसमें उपस्थित किशोर प्रेमियों ने अपने हस्ताक्षर कर भारत रत्न की मांग का समर्थन किया।
मंच के सचिव नारायण बाहेती, उपाध्यक्ष आशीष चटकेले तथा सुनील सकरगाये ने इस मांग का समर्थन करते हुए कहा कि मंच कई वर्षों से किशोर कुमार को भारत रत्न दिलाने के लिए प्रयासरत है। उनका कहना था कि किशोर कुमार केवल एक पार्श्वगायक नहीं थे, बल्कि वे अद्वितीय अभिनेता, संगीतकार, निर्माता, निर्देशक, गीतकार और मनोरंजन जगत के ऐसे विलक्षण कलाकार थे, जिन्होंने अपनी अनूठी शैली, मधुर आवाज और बहुआयामी प्रतिभा से भारत को विश्वभर में गौरवान्वित किया। आज भी उनके गीत पीढ़ियों को जोड़ने का कार्य कर रहे हैं और करोड़ों लोगों के दिलों में जीवंत हैं।
विजय बहादुर आभास ने कहा कि किशोर कुमार का योगदान भारतीय कला एवं संस्कृति की अमूल्य धरोहर है। उन्हें भारत रत्न से सम्मानित किया जाना न केवल एक महान कलाकार का सम्मान होगा, बल्कि देश की सांस्कृतिक विरासत का भी गौरव बढ़ाएगा। उन्होंने बताया कि वे मध्यप्रदेश के सभी सांसदों से भेंट कर इस मांग से अवगत कराएंगे तथा उनके माध्यम से अपनी भावनाएं प्रधानमंत्री तक पहुंचाएंगे। रविवार को मैं खंडवा पहुंचा और सुनील जैन के माध्यम से सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल, खंडवा विधायक कंचन तनवे, विधायक छाया मोरै, एवं महापौर अमृता अमर यादव से से अनुरोध किया कि देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं गृहमंत्री के नाम किशोर दा को भारत रत्न मिले पत्र भेजें।
प्रधानमंत्री के नाम पोस्ट कार्ड अभियान के अंतर्गत इस अवसर पर देवास के विजय बहादुर सिंह, मुकेश शुक्ला, नारायण बाहेती,सुनील जैन, सुनील सकरगाये, आशीष चटकेले, संदीप जोशी, नरेश बलवानी, आलोक खेडे, रितेश चौहान, मंगलेश शर्मा, भूपेंद्रसिंह चौहान, अजय तिवारी,कमल नागपाल, मनोज मंडलोई, सुरेन्द्रसिंह सोलंकी सहित बड़ी संख्या में किशोर प्रेमी उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में कहा कि खण्डवा की इस अमूल्य धरोहर और भारतीय संगीत के स्वर्णिम अध्याय किशोर दा को भारत रत्न प्रदान करना देशवासियों की भावनाओं का सम्मान होगा।












