प्रेस विज्ञप्ति
जारीकर्ता: प्रतिभा रघुवंशी, जिला अध्यक्ष कांग्रेस (शहर)
खण्डवा//अहंकार में चूर भाजपा सरकार के मंत्री कैलाश विजयवर्गीय द्वारा विधानसभा सदन में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार जी के लिए “औकात में रहो” जैसे आपत्तिजनक शब्दों का प्रयोग किया जाना अत्यंत निंदनीय और लोकतंत्र की गरिमा पर सीधा प्रहार है।
विधानसभा जैसे पवित्र सदन में इस प्रकार की भाषा का उपयोग भारतीय लोकतंत्र और उसकी मर्यादाओं का अपमान है। जब सत्ता पक्ष के मंत्री विपक्ष के नेता के लिए इस तरह की अमर्यादित टिप्पणी करते हैं, तो यह उनके अहंकार और जवाबदेही से बचने की मानसिकता को दर्शाता है।
प्रदेश की जनता आज गंभीर समस्याओं से जूझ रही है — दूषित जल की समस्या हो, प्रशासनिक लापरवाही हो या मासूम बच्चों को नकली कफ सिरप जैसी घटनाओं में अपनी जान गंवानी पड़े — इन सब मुद्दों पर सरकार अपनी जिम्मेदारी तय करने में विफल रही है। जब विपक्ष जनता की ओर से सवाल उठाता है, तो जवाब देने के बजाय अपमानजनक शब्दों का प्रयोग किया जाता है।
यह व्यवहार स्पष्ट करता है कि भाजपा सरकार लोकतांत्रिक मूल्यों को भूल चुकी है और सत्ता के अहंकार में जनता की आवाज दबाने का प्रयास कर रही है।
कांग्रेस पार्टी इसकी कड़े शब्दों में निंदा करती है और मांग करती है कि मंत्री अपने बयान पर सार्वजनिक रूप से माफी मांगें। लोकतंत्र में असहमति का सम्मान होना चाहिए, न कि अपमान।
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