
*नशा मुक्त भारत अभियान के तहत खंडवा में मास्टर वॉलिंटियर्स को दिया गया प्रशिक्षण*

खंडवा-नशा मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत जिला स्तरीय मास्टर वॉलिंटियर प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन मंगलवार को खंडवा जनपद सभागृह में किया गया।
कार्यक्रम सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग, मध्यप्रदेश के सहयोग से वाल्मी संस्था द्वारा संचालित नशामुक्त भारत अभियान के अंतर्गत जिला स्तरीय मास्टर वालंटियर्स प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन जिला पंचायत सभागार में किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य नशामुक्ति के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाना तथा प्रशिक्षित वालंटियर्स के माध्यम से समाज के विभिन्न वर्गों तक प्रभावी संदेश पहुंचाना था।
। प्रशिक्षण में जिले के विभिन्न विभागों से जुड़े 90 मास्टर वॉलिंटियर्स ने भाग लिया। कार्यक्रम में भारत सरकार के नशा मुक्त भारत अभियान की अवधारणा को जमीनी स्तर पर प्रभावी रूप से लागू करने को लेकर मास्टर ट्रेनर डॉ मनोज अग्रवाल द्वारा नशा मुक्ति भारत अभियान में युवाओं की भागीदारी और नशे के दुष्प्रभाव पर विस्तृत चर्चा की गई
राज्य स्तरीय ट्रेनिंग कोऑर्डिनेटर डॉ. मनोज अग्रवाल ने कहा कि नशा एक गंभीर सामाजिक बुराई होने के साथ-साथ मानसिक बीमारी भी है, जिसका उपचार संभव है। उन्होंने बताया कि बच्चे, किशोर और युवा वर्ग नशे के दुष्प्रभावों से सबसे अधिक प्रभावित हो रहे हैं। उन्होंने उपस्थित वॉलिंटियर्स से अपील करते हुए कहा कि नशे के खिलाफ जागरूकता फैलाने और समाज को इस बुराई से मुक्त करने के लिए निरंतर मैदानी गतिविधियां संचालित करना आवश्यक है। शासन द्वारा नारकोटिक कानूनों के माध्यम से नशे की तस्करी रोकने के लिए सख्त नियम बनाए गए हैं, जिनका पालन कराया जा रहा है। इसके बावजूद जागरूकता की कमी के कारण युवा पीढ़ी नशे की गिरफ्त में आ रही है। प्रशिक्षण के दौरान नशा मुक्त भारत अभियान से जुड़े गायत्री परिवार, समाजसेवी संस्थाएं शिक्षा विभाग, एनसीसी कैडेट्स, पुलिस विभाग, ब्रह्मकुमारी संस्था से डॉन ने भी अपने विचार धारे
राहुल सर ने बताया कि नशे की लत व्यक्ति को शारीरिक, मानसिक और सामाजिक रूप से कमजोर बना देती है। उन्होंने कहा कि एक बार व्यक्ति नशे की गिरफ्त में आ जाए तो उससे बाहर निकलना अत्यंत कठिन हो जाता है और अंततः अनेक बीमारियों का सामना करना पड़ता है। इसलिए समय रहते नशे से दूरी बनाना और दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करना जरूरी है। कार्यक्रम में जिला पुलिस विभाग, जिला चिकित्सा विभाग तथा ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय की धर्मगुरुओं द्वारा भी नशा मुक्ति अभियान के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर प्रशिक्षण दिया गया। कार्यक्रम में डॉ मनोज अग्रवाल द्वारा सभी को नशा मुक्ति की शपथ दिलाई











