
कुशीनगर। सुकरौली विकासखंड क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम जगदीशपुर स्थित सिद्धपीठ मां बंचरा देवी मंदिर परिसर में चल रहे श्री श्री 108 श्री शतचंडी महायज्ञ के नवरात्रि के तीसरे दिन शुक्रवार को श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत संगम देखने को मिला। सुबह से ही मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। दूर-दराज के गांवों से आए भक्तजन मां बंचरा देवी के दर्शन और पूजन के लिए कतारों में लगे रहे।
इस दौरान मौसम ने भी करवट ली। सुबह से ही आसमान में बादल छाए रहे और हल्की बूंदाबांदी शुरू हो गई। बावजूद इसके श्रद्धालुओं की आस्था में कोई कमी नहीं आई। लोग बारिश के बीच ही मंदिर पहुंचकर मां के दरबार में हाजिरी लगाते रहे। भीगे वातावरण में भक्ति का रंग और भी गहरा नजर आया। श्रद्धालु मां की परिक्रमा करते हुए जयकारों के साथ पूरे परिसर को भक्तिमय बना रहे थे।
मंदिर परिसर में आयोजित शतचंडी महायज्ञ के अंतर्गत वैदिक मंत्रोच्चार और हवन-पूजन का क्रम विधिवत जारी है। विद्वान आचार्यों द्वारा मंत्रोच्चार के बीच आहुतियां दी जा रही हैं, जिससे पूरा वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर हो गया है। श्रद्धालु यज्ञ में भाग लेकर अपने परिवार की सुख-समृद्धि और शांति की कामना कर रहे हैं।
स्थानीय लोगों का मानना है कि सिद्धपीठ मां बंचरा देवी के दरबार में सच्चे मन से मांगी गई हर मनोकामना पूर्ण होती है। यही कारण है कि यहां प्रतिदिन श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ती जा रही है। नवरात्रि के अवसर पर यह आस्था और भी चरम पर पहुंच जाती है।
मंदिर प्रबंधन की ओर से श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए समुचित व्यवस्था की गई है। सुरक्षा, साफ-सफाई और प्रसाद वितरण पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, जिससे किसी भी श्रद्धालु को परेशानी का सामना न करना पड़े।
बारिश के बीच उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ यह दर्शाती है कि मां बंचरा देवी के प्रति लोगों की आस्था अटूट है। नवरात्रि के इस पावन अवसर पर पूरा क्षेत्र भक्तिमय माहौल में डूबा हुआ है।








