
खंडवा पुलिस द्वारा पुनासा के सराफा व्यापारी के साथ हुई सनसनीखेज डकैती की घटना का किया गया पर्दाफाश
71.5 लाख रुपये के मशरुका सहित एक पिस्टल जप्त एवं 03 आरोपी हुये गिरफ्तार
खंडवा, 27 जनवरी 2026
पुलिस महानिरीक्षक, ग्रामीण जोन इंदौर के निर्देशानुसार तथा उप पुलिस महानिरीक्षक, खरगोन रेंज के मार्गदर्शन में पुलिस अधीक्षक खण्डवा श्री मनोज कुमार राय के निर्देशन में एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (देहात) श्री राजेश रघुवंशी तथा एसडीओपी मूंदी श्री मनोहर सिंह गवली के सतत पर्यवेक्षण में थाना नर्मदानगर पुलिस द्वारा पुनासा की सनसनीखेज डकैती का सफल खुलासा किया गया।
1. घटना का संक्षिप्त विवरण
दिनांक 09.01.2026 को सायं लगभग 19.00 बजे पुनासा स्थित कृष्णा ज्वेलर्स से 06-07 अज्ञात आरोपियों द्वारा हथियार के बल पर सोने-चांदी के आभूषणों से भरे दो बैग लूट लिए गए। घटना के दौरान मारपीट एवं फायर किया गया। थाना नर्मदानगर में अपराध क्रमांक 07/26 धारा 310(2) बी.एन.एस. सहपठित धारा 397 भादवि के अंतर्गत प्रकरण पंजीबद्ध किया गया।
2. टीम गठन
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक खण्डवा के द्वारा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक देहात एवं अनुविभागीय अधिकारी पुलिस मूंदी के नेतृत्व में तीन विशेष पुलिस टीमों का गठन किया गया। पुलिस टीम द्वारा लगातार घटनास्थल एवं उसके आसपास उपलब्ध साक्ष्यों एवं साक्षियों के दिये गये विवरण से आरोपियों एवं उनके द्वारा अपराध के बाद प्रयोग किये गये मार्ग को चिहिंत कर आरोपियों की संख्या एवं उनके हुलिये पर बारीकी से कार्य किया गया ।
3. अपराधियों की पहचान
फरियादी एवं चश्मदीद गवाहों के विवरण के आधार पर आरोपियों के हुलिये अनुसार स्केच तैयार किए गए। एक प्रमुख आरोपी द्वारा फायर किया जाना बताया गया एवं उसके चलने में लचक (लंगड़ाहट) तथा आयु 40-45 वर्ष होना मुख्य पहचान के रूप में सामने आया। जिसके आधार पर उसे मुख्य संदिग्ध के रूप में चिन्हित किया गया।
4. 12 संगठित गिरोहों पर कार्य
घटना के मोडस ऑपेरेंडी के आधार पर समान प्रकार की घटनाओं में संलिप्त कुल 12 संगठित गिरोहों को चिन्हित कर उन पर एक साथ कार्य किया गया। जिनमें जबलपुर, मंडला एवं आसपास के जिलों में सक्रिय हाल ही में पकड़े गए गिरोह भी शामिल थे। विवेचना में शामिल जांच दलों द्वारा उक्त सभी 12 गिरोहों के सदस्यों के संबंध में जानकारी एकत्रित कर सभी के उपस्थिति एवं मूवमेंट के संबंध में जानकारियां एकत्रित की गई।
5. झाबुआ गैंग पर विशेष कार्यवाही
अंत में जांच में यह तथ्य सामने आया कि झाबुआ की सकरिया रतन गैंग घटना के समय अपने क्षेत्र से अनुपस्थित थी। इसके आधार पर झाबुआ जिले में तीन पुलिस टीमों को गुप्त रूप से तैनात किया गया। जिन्होंने फील्ड में रहकर गिरोह के सदस्यों मूवमेंट एवं ठहरने के स्थानों की जानकारी संकलित की गई और उस क्षेत्र में यह तथ्य प्रकाश में आया कि उनके निवास स्थान से पकड़ना बहुत मुशिकल है इसीलिये उक्त आरोपियों को अपने क्षेत्र से बाहर आने का इंतजार कर सही समय पर आरोपियों की घेराबंदी कर 03 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया ।
7. गिरफ्तार आरोपी:-
उपयुक्त अवसर पर योजनाबद्ध कार्रवाई करते हुए निम्न आरोपियों को गिरफ्तार किया
गया-
01. सकरिया पिता झीतरा वसुनिया जाति भील उम्र 46 वर्ष निवासी काछला थाना
कल्याणपुरा जिला झाबुआ (म.प्र.)
02.रतन पिता नाहरू उर्फ नारू जाति भील उम्र 45 वर्ष निवासी तडवी फालिया भोयरा
थाना कोतवाली झाबुआ (म.प्र.)
03.विनोद पिता धन्ना उर्फ धनसिंग डामोर जाति भील उम्र 34 वर्ष निवासी कुशलपुरा थाना
कोतवाली झाबुआ (म.प्र.)
आरोपियों के कब्जे से 500 ग्राम सोने के आभूषण एक 12 बोर देशी पिस्टल ₹1,00,000
नगद एवं 03 नग मोबाइल फोन बरामद किए गए।
कुल मशरुका मूल्य लगभग ₹71.5 लाख।
शेष फरार आरोपियों की तलाश जारी है।
6 अपराधिक पृष्ठभूमि:- गिरफ्तार आरोपियों की जांच में यह तथ्य सामने आया है कि वे आदतन एवं संगठित अंतर्राज्यीय अपराधी हैं। इनके विरुद्ध मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र एवं गुजरात के विभिन्न थानों में हत्या, डकैती, लूट तथा अन्य गंभीर अपराधों से संबंधित एक दर्जन से अधिक आपराधिक प्रकरण पूर्व से पंजीबद्ध हैं।












