ताज़ा ख़बरें

शिवसेना व्दारा मनरेगा की उच्च स्तरीय जांच की मांग और बाल कल्याण समिति भंग करने हेतु राष्ट्रपति के नाम संयुक्त कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन*

खास खबर

शिवसेना व्दारा मनरेगा की उच्च स्तरीय जांच की मांग और बाल कल्याण समिति भंग करने हेतु राष्ट्रपति के नाम संयुक्त कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन*

खंडवा। महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना ग्रामीण जिसका उद्देश्य गरीब बेरोजगार परिवारों को 100 दिन रोजगार उपलब्ध कराना है। ग्रामीण आजीविका सुरक्षा को बढ़ावा देना और टिकाऊ संपत्ति (जैसे सड़क, नहर और तालाब) का निर्माण करना है। लेकिन इस योजना का लाभ गरीबों को न मिलकर पूंजीपतियों को मिलता दिख रहा है। शिवसेना जिला प्रमुख श्री भावसार ने बताया ग्रामीण क्षेत्रों में योजना का माखौल उड़ाया जा रहा जिसका जीता जागता उदाहरण खालवा ब्लॉक के गांव जहां आदिवासी युवा रोजगार की तलाश में पलायन को मजबूर है वहीं क्षेत्र के पूंजीपति मनरेगा में मजदूरी करते नजर आ रहे। श्री भावसार ने यह आरोप भी लगाया कि मनरेगा में कागजों पर करोड़ों रुपयों की राशि मजदूरों के खातों में जा रही लेकिन वो खाते है किनके वो खाते किसी गरीब बेरोजगार परिवारों के नहीं बल्कि ग्राम के पूंजीपतियों के हैं। शिवसेना प्रमुख ने मनरेगा के खातों की जांच कर शासन की राशि वसूल कर कठोर कार्रवाई करने की मांग के साथ ही बाल कल्याण समिति के द्वारा लापरवाही बरतने पर समिति भंग करने की मांग का एक ज्ञापन शिवसेना हरसूद विधान सभा प्रमुख सत्यम सोनी, जिला सचिव करण लखोरी, चिंताराम पटेल, सन्नी जत्थाप, निहाल घेरले, प्रतापराज उईके आदि की उपस्थिति में सौपकर की गयी है।

Show More
Back to top button
error: Content is protected !!