*भक्ति, सुगंध और सेवा का संगम: 51 मालाओं से सजे बाबा श्याम* 
*फूलों, इत्र और भजनों के बीच सजी श्याम बाबा की अलौकिक छटा*
संवाददाता अजय शर्मा की रिपोर्ट
आगरा। चारों ओर महकती इत्र की खुशबू। बेला व चमेली के सुगंधित फूलों से सजा दरबार। मेहरून रंग की पोशाक और कोलकाता के फूलों की 51 मालाओं से सजे बाबा खाटू श्याम की मनोहारी छटा। मौका था बांके बिहारी भक्त मंडल द्वारा आयोजित खाटू श्याम भजन संध्या और साधु सेवा का। रामलीला मैदान स्थित श्रीराम हनुमान मंदिर में हुए कार्यक्रम को खास बना रहीं थीं भक्ति की स्वर लहरियां। कार्यक्रम की शुरुआत मयंक अग्रवाल, उमेश अग्रवाल और नितिन अग्रवाल द्वारा बांके बिहारी जी के समक्ष पावन ज्योति प्रवज्जलित कर हुई।
भक्ति के सागर में हाथरस से आये भजन गायक बैजू सनम ने भक्ति के स्वरों के छेड़ा, तो सभी भक्त भाव विभोर हो उठे। मैं हूं तेरा नौकर, तेरी हाजिरी रोज बजाता हूं.., भुला नहीं हूं बाबा तेरी कृपा.., जिसकी नैया श्याम भरोसे.. जैसे भजन सभी झूमते नजर आए। वहीं भजन गायिका गुंजन उपाध्याय ने श्याम हारे के सहारे, तेरे बिन किसे पुकारें.. जैसे भजनों के मधुर सुरों ने देर रात तक श्रद्धालुओं को संकीर्तन में बांधे रखा। स्थानीय भजन गायक अंकित लवानिया और अनूप गोयल ने भी भजन गाकर माहौल भक्तिमय कर दिया। वृन्दावन के कलाकारों द्वारा ब्रज की फूलो की होली और मयूर नृत्य की प्रस्तुति ने सभी का मन मोह लिया।
बेंगलुरु से आए सुगंधित फूलों और इत्र से श्याम बाबा का दिव्य श्रृंगार किया गया। 51 साधुओ और जंरूरतमन्दों को कम्बल, टोपा, दस्ताने आदि उपहार स्वरूप प्रदान किया। कार्यक्रम के अंत में श्याम रसोई का आयोजन हुआ, जहां भक्तों ने प्रसाद के रूप में भक्ति लाभ प्राप्त किया। समापन पर महाआरती के साथ भजन संध्या का विश्राम हुआ। इस अवसर पर नरेश शर्मा, अनूप शर्मा, संजीव खंडेलवाल, संजय जैन, दीपू अग्रवाल, श्याम मोहन गुप्ता, गोपाल दास सेठी, दीपक अग्रवाल, धर्मेश आदि मौजूद रहे।
संवाददाता अज
य शर्मा की रिपोर्ट









